वीडियो : जब अचानक अमेरिकी खुफिया जहाज के करीब पहुंचे चीनी लड़ाकू विमान उसके बाद जो हुआ…

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भारत-चीन विवाद इतना आगे बढ़ चुका है कि अब दोनों देश एक दुसरे के दुश्मन बन गए हैंl वैसे भारत और चीन की दुश्मनी के बारे में बात की जाए तो इन दोनों देशों की दुश्मनी बहुत पुरानी हैl भारत-चीन के बीच दुश्मनी होने की कई वजह हैं जिसमे सबसे बड़ी वजह है चीन का पाकिस्तान का सपोर्ट करनाl हम सभी इस बात को अच्छी तरह से जानते हैं कि चीन हमेसा से पाकिस्तान का ही पक्ष लेता रहा हैl इसके साथ ही चीन ने पाकिस्तान के साथ मिलकर कई ऐसे काम किये हैं जिसका विरोध भारत काफी समय से करता आ रहा हैl

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इसके बावजूद भारत ने कभी भी पाकिस्तान और चीन के बारे में कभी बुरा नहीं सोचा हैl लेकिन पाकिस्तान और चीन हमेसा भारत की तरक्की से जलते रहे हैंl इतना ही नहीं चीन ने भूटान के डोकलाम पर भी कब्जा करने की कोशिश की लेकिन भारत ने चीन को ऐसा नहीं करने दिया और उसके सामने दीवार बनकर खड़ा हो गया हैl लेकिन जो बात आज हम आपको बताने जा रहे है उससे आपको पता चल जाएगा कि चीन हमेसा कमजोरों पर ही अपनी ताकत का प्रयोग करता है और उन्हें डराता है और अगर उसके सामने कोई ताकतवर देश हो तो वो एक भीगी बिल्ली की तरह हो जाता हैl

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जानकारी के लिए बता दें कि भारत-चीन तनाव के बीच अमेरिका ने चीन से कहा है कि चीन के दो लड़ाकू विमानों ने हाल ही में पूर्वी चीन सागर में एक अमेरिकी निगरानी करने वाले विमान के रास्ते के बीच अड़चन डाली हैl बता दें कि 24 जुलाई अमेरिका अधिकारियों ने सरकारी न्यूज़ एजेंसी रॉयटर्स से कहा है कि चीन का एक जे-10 विमान अमेरिकी ईपी-3 विमान के 300 फीट करीब तक आ गया था जिसकी वजह से अमेरिकी विमान को रास्ता बदलना पड़ा थाl

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अमेरिका के एक अधिकारी ने बताया कि ये घटना चीन के किंगदाओ शहर से महज 80 नॉटिकल मील दूर हुई हैl खबरों के अनुसार इस तरह की घटना पहले भी कई बार हो चुकी हैl बता दें की पिछले कुछ सालों में चीन कई देशों के साथ समुद्री सीमा को लेकर उलझता रहा हैl लेकिन इस बार जाने-अनजाने में चीन अमेरिका से उलझ गया थाl चीन को अपनी  गलती के लिए भारी नुकसान भी उठाना पड़ सकता थाl लेकिन चीन बच गया और इस घटना के बारे में अमेरिका ने चीन को सिर्फ सावधान रहने की नसीहत देकर छोड़ दियाl

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अगर भारत-चीन के बारे में बात करें तो इस विवाद की शुरुआत चीन ने की है डोकलाम पर कब्ज़ा करने के लिए चीन ने शुरुआत में पहले अपने 300 जवानों की पलटन को भेजा था, इसलिए भारत ने भी सीमा शुरक्षा करने के लिए अपने जवानों की तैनाती डोकलाम में की हैl इस पूरे विवाद के बाद भारत और चीन के बीच दुश्मनी बढ़ गई हैl इस पूरे विवाद में भारत के लिए सबसे अच्छी बात ये की आज भारत के साथ कई देश खड़े हैंl

हम सभी इस बात को अच्छी तरह से जानते हैं कि रूस हमेसा से भारत के साथ रहा है और इन दोनों देशों के बीच कई तरह के समझोते भी होते रहे हैंl भारत-चीन तनाव के बीच रूस ने एक ऐसा ऐलान किया है जिसके बारे में जानकार चीन के होश उड़ जायेंगेl मोदी सरकार ने भारत को मजबूत करने के लिए और देश हित के लिए कई तरह के समझौते  किये हैंl लेकिन इस बार मोदी सरकार का इरादा भारतीय वायुसेना को अधिक से अधिक ताकतवर बनाना हैl