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जब सा’हूकार के क’र्ज से प’रेशान किसान ने किया कि’डनी बेचने का ऐ’लान…👇

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देश में अ’न्ना’दा’ता माने जाने वाले कि’सान की हा’लत कितनी ख’राब है इसका अं’दाजा आप इसी बात से लगा स’कते हैं कि दे’श के स’बसे बड़े रा’ज्य उत्तर प्र’देश में क’र्ज चु’काने के लिए म’जबूर होकर एक कि’सान को अपनी कि’डनी बेचने का वि’ज्ञाप’न देना पड़ा.

साहूकार के कर्ज से परेशान था किसान, किडनी बेचने का किया ऐलान

यूपी के स’हारन’पुर में रा’म कुमार नाम के कि’सान सा’हूकारों का क’र्ज उ’तार’ने के लिए बीते कई म’हीने से बैं’क से लो’न ले’ने की को’शिश कर रहे थे लेकिन हर ज’गह से उ’न्हें म’दद की ज’गह नि’राशा ही हाथ लग रही थी. म’ही’नों बैं’कों का च’क्कर का’ट कर जब वह थ’क ग’ए तो उ’न्होंने सा’हूका’रों का क’र्ज उ’तार’ने के लिए अपनी कि’डनी बे’चने का ऐ’लान कर दिया और इसके लिए सो’शल मी’डिया पर वि’ज्ञा’पन भी दे दिया.

साहूकार के कर्ज से परेशान था किसान, किडनी बेचने का किया ऐलान

लो’गों की अ’संवेद’नशी’लता तो दे’खिए कि म’द’द करने की ब’जा’ए रा’म कु’मार की कि’डनी ख’री’दने को तै’या’र हो गए और 1 क’रोड़ रुप’ये तक उसकी बोली लगा दी. मा’मला जैसे ही सरकारी अधि’कारि’यों तक पहुंचा वो आ’नन-फा’नन में राम कुमार के घर प’हुं’च गए और उन्हें मदद का आ’श्वासन देने लगे. अ’धिकारि’यों ने क’र्ज नहीं देने वाले बैंक के खि’ला’फ का’र्रवा’ई करने का भी राम कुमार को भ’रोसा दिया.

साहूकार के कर्ज से परेशान था किसान, किडनी बेचने का किया ऐलान

वहीं रा’म कुमार ने इस वि’ज्ञापन को लेकर बताया कि पी’एम कौ’शल विकास योजना के अंतर्गत डेय’री फॉ’र्म की ती’न बार ट्रे’निंग लेने के बा’वजूद उसे पशु पा’लन के लिए किसी बैं’क ने लो’न नहीं दिया. ल’गाता’र 10 बार लोन के लिए आ’वेदन देने के बाद भी उन्हें नि’राशा ही हाथ लगी. जैसे-तैसे राम’कुमार ने सा’हूका’रों से 10 लाख रु’पये का क’र्ज लेकर गांव में दूध की डे’यरी खोली थी, लेकिन सि’वाय घा’टे के उसके हा’थ कु’छ नहीं लगा. लगातार नु’कसा’न से वह क’र्ज के त’ले द’बते चले गए जिसके बाद उ’न्होंने मु’ख्यमंत्री से लेकर प्र’धानमं’त्री तक इसकी शि’कायत की. चारों ओर से नि’राश होकर क’र्ज से पीछा छु’ड़ाने के लिए राम’कुमार ने अपनी कि’डनी को नी’लाम करने का ‘फै’सला लिया.

साहूकार के कर्ज से परेशान था किसान, किडनी बेचने का किया ऐलान

जब देश में हजारों किसान अच्छी फ’सल नहीं होने और क’र्ज के बो’झ तले दबे होने के कारण आ’त्म’हत्’या करने पर म’जबूर हैं ऐसे में राम कुमार जैसे किसान का कि’ड’नी बेच’ने का ऐ’लान करना सर’कार के उन सभी दा’वों की पो’ल खो’ल देता है जिसमें कहा जाता है कि कि’सान उनकी पहली प्रा’थमिक’ता हैं और उनकी भ’लाई के लिए सर’कार कई क’दम उठा रही है और यो’जनाएं बना रही है.