Categories
धर्म

अष्टमी और नवमी को करें यह उपाय, खुल जाएगी किस्मत

धार्मिक ख़बर

नवरात्रि का पर्व बहुत शुभ माना जाता है और कहते हैं कि इन नौ दिनों में देवी मां की सच्चे मन से आराधना करने पर मनचाह फल मिल जाता है. आप सभी को बता दें कि इस दौरान कुछ गुप्त टोटके भी किए जाते है जिन्हे करने के बाद आप सफलता, पैसा, शोहरत सब कुछ हांसिल कर सकते हैं. अब आज हम आपको वहीं गुप्त उपाय बताने जा रहे हैं लेकिन ध्यान रहे कि यह उपाय केवल अष्टमी व नवमी को ही किए जा सकते हैं और इन्हे करने से रुपए-पैसों समेत अन्य समस्याएं दूर हो जाती हैं. आइए जानते हैं।

धन प्राप्ति के लिए अष्टमी व नवमी के दिन माता की पूजा से पहले उनके सामने घी के नौ दीपक जला दें और फिर उन दीयों को उस थाली में रख ले जिसमे आपने कुमकुम से स्वास्तिक बनाया हो. इस उपाय को शाम को करें.कहते हैं इससे घर में मां लक्ष्मी आती हैं। धन की हानि न हो इसके लिए अष्टमी व नवमी के दिन देवी मां की आराधना उत्तर दिशा में मुख करने के बाद ही करें और पूजा के समय आप पीले आसन पर बैठ जाए और आपके सामने नौ दीपक जला लें. इसी दौरान दीपक के सामने एक लाल कपड़े पर चावल का ढ़ेर बनाएं और उस पर श्रीयंत्र रखकर उसपर कुमकुम लगाएं और फूल चढ़ाएं. इसके बाद पूजा करें और दशमी के दिन थोड़े फूल और चावल अपनी तिजोरी व रुपए रखने के स्थान पर रख दें.
इससे लाभ होगा. वहीं बाकी चीजों को नदी में प्रवाहित करें। शादी मनपसंद होने के लिए नवरात्रि के किसी भी दिन शिवलिंग पर दूध, घी, दही, शहद एवं चीनी चढ़ा दें और इसी के साथ शिव मंदिर में झाडू लगाकर भगवान की सेवा करें, लाभ होगा। ऐसा कहा गया है कि हम घर में जब किसी भगवान की मूर्ति स्थापित करते है तो मूर्ति की स्थापना इस प्रकार होनी चाहिए कि भगवान की पीठ पर हमारी नजर न पड़े. ऐसा माना गया है कि इस तरह भगवान की मूर्ति के दर्शन करना अशुभ माना गया है. इसके अलावा घर के मंदिर में एक ही भगवान की दो मूर्तियां नहीं रखनी चाहिए इसे गलत माना गया है. ऐसा कहा गया है कि जिस घर के मंदिर में एक ही भगवान की दो मूर्तियां होती है उस घर में लड़ाई झगडे अधिक होते है. इसके अलावा घर में इस तरह की मूर्ति रखे जो दिखने में सौम्य हो, भूलकर भी इस तरह की मूर्ति स्थापित न करें जो रौद्र रुप में दिखती हो.कई घरो में आपने नटराज की मूर्ति देखी होगी लेकिन ऐसा कहा गया है।

कि कभी घर में नटराज की मूर्ति नहीं रखना चाहिए नटराज की मूर्ती भगवान शिव का रौद्र रूप माना जाता है जिसे घर में रखना शुभ नहीं माना गया है।